प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना प्रचार वैन रवाना

बिलासपुर 23 नवम्बर:- प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना रवी 2020 के प्रचार व प्रसार के लिए एग्रीकल्चर इन्सुरेंस कंपनी व कृषि विभाग द्वारा विशेष अभियान चलाया जा रहा है जिसके अंतर्गत प्रचार वैन गाँव-गाँव में जाकर इस योजना का प्रचार करेगी। प्रचार वैन को कृषि उप- निदेशक डाॅ. के.एस. पटियाल ने हरी झंडी दिखा कर रवाना किया। कृषि उपनिदेशक बिलासपुर डा. के.एस. पटियाल ने बताया कि प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना रवी 2020 के अंतर्गत फसल गेहूं का बीमा करवाने की अंतिम तिथि 15 दिसम्बर है। गेहूं फसल की कुल बीमित राशि 30 हजार रू0 प्रति हैक्टेयर मक्का प्रीमियम 16 प्रतिशत (कुल राशि 4800 प्रति है0) निर्धारित की गई है, जिसमें किसान द्वारा 1.5 प्रतिशत (रू0 450 प्रति हैक्टेयर 36 रू0 प्रति बीघा) वहन की जाएगी तथा शेष राशि सरकार द्वारा अनुदान के रूप में भरपाई करेगी। जिला के लिए योजना के अंतर्गत दी एग्रीकल्चर इन्सुरेंस कंपनी अधिकृत की गयी है।  
 उन्होंने गैर ऋणी किसानों से अनुरोध किया कि वह अपने राजस्व पत्रो व फसल बिजाई प्रमाण पत्र सहित जो कि पटवारी द्वारा सत्यापित हो अपने नजदीकी लोकमित्र केन्द्र पर जा कर इस समय अवधि के अंदर अपनी गेहूं की फसल का बीमा करवा लें ताकि मौसम की प्रतिकूल परिस्थितियों से होने वाले नुक्सान की भरपाई हो सके।
 इस योजना के अंर्तगत, गेहूं फसल के जोखिम जिनके कारण फसल का नुकसान होता है, की भरपाई की जाएगी। उन्होंने बताया कि बाधित बुआई/रोपण जोखिम बीमाकृत क्षेत्र में कम वर्षा अथवा प्रतिकूल मौसमी दशाओं के कारण बुआई/रोपण क्रिया न होने एवं होने वाली हानि से सुरक्षा प्रदान करेगा, खड़ी फसल (बुआई से लेकर कटाई तक) गैर बाधित जोखिमों तथा सुखे, लम्बी शुष्क कृमि व रोग, बाढ़, जल भराव, फसल कटाई के उपरांत होने वाले नुकसान, यह बीमा आच्छादन ऐसी फसलों को काटे जाने से अधिकतम दो सप्ताह के लिए चक्रवात और चक्रवातीय वर्षा एवं गैर मौसमी वर्षा के मामले में दिया जाता है जिन्हें फसल कटाई के बाद खेत में सूखने के लिए छोड़ा जाता है, स्थानीयकृत आपदाएं अधिसूचित क्षेत्र में पृथक कृषि-भूमि को प्रभावित करने वाली ओला वृष्टि, भू-स्खलन और जलभराव के अभिचिन्हित स्थानीयकृत जोखिमों से होने वाले नुकसान/क्षति।
उन्होने जिला के किसानों से आग्रह किया है कि गेहूं की फसल का बीमा करवाने के लिए हल्का पटवारी से अपनी जमीन की जमाबन्दी नक्ल व फसल प्रमाण पत्र जारी करने के उपरान्त इसे अपनी लोकमिंत्र केन्द्र में ले जाकर प्रपत्र भरकर जमा करवाएं तथा प्रीमियम की रसीद भी प्राप्त कर लें।
उन्होंने बीमा कम्पनी के प्रतिनिधियों से आग्रह किया है कि वह कृषि विभाग तथा अन्य विभागों द्वारा लगाए गए प्रशिक्षण शिविरों में जाकर किसानों को फसल बीमा की योजना के बारें में जागरूक करें और किसानों की फसलों केा बीमा के अंर्तगत लाने में सहायता प्रदान करें। उन्होनें किसानों से आग्रह किया कि फसल बीमा योजना से सम्बन्धित जानकारी शंका समाधान के लिए एग्रीकल्चर इन्सुरेंस कंपनी बिलासपुर के शाखा प्रबंधक मो0 न0 9857075081 से सम्पर्क कर सकते हैं।
इस अवसर पर कृषि विभाग व एग्रीकल्चर इन्सुरेंस कंपनी के अन्य अधिकारी उपस्थित रहे।

Neha Sharma

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