धर्मशाला : अन्वेषण पाठशाला से आयेगी समरूपता डीआईजी,

वर्तमान परिवेश में बढ़ती अपराधिक प्रवृति एवं नये तरीकों तथा साइबर क्राइम के बढ़त मामलों के प्रभावी अन्वेषण की जरूरत के मद्देनज़र कांगड़ा जिला में अन्वेषण अधिकारियों को अन्वेषण की बारीकियां सिखलाने तथा उनकी कार्यदक्षता बढ़ाने के प्रयास किये जा रहे हैं। इस कड़ी में हर माह के दूसरे तथा चौथे शुक्रवार को एक दिवसीय अन्वेषण की पाठशाला प्रारंभ की गई है। इसका उद्देश्य अभियोगों की सफल तफ़तीश करते हुए सजा दर में वृद्धि करना है।


  यह जानकारी उत्तरी खंड की पुलिस उप महानिरीक्षक सुमेधा द्धिवेद्वी ने इस पाठशाला का अन्वेषण पाठशाला का शुभारंभ करते हुए दी। पाठशाला में पुुलिस अधीक्षक खुशहाल शर्मा, राज्य नशा निवारण बोर्ड के संयोजक ओपी शर्मा एवं अन्य विभागीय अधिकारी उपस्थित थे।
  डीआईजी ने कहा कि अन्वेषण अधिकारियों को प्रभावी ढ़ग से किसी भी मामले की तफ़तीश करने में अन्वेषण की पाठशाला महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी। इससे अन्वेषण के कार्य में एकरूपता आएगी एवं अन्वेषण अधिकारियों को अन्वेषण के दौरान आने वाली तमात समस्याओं के निदान में मदद मिलेगी इससे विभागीय कार्य पद्धति में प्रगति होगी। उन्होंने पुलिस अधीक्षक खुशहाल शर्मा को यह पाठशाला शुरू करने के लिए बधाई दी।


  इस अवसर पर राज्य नशा निवारण बोर्ड के संयोजक ओपी शर्मा नेे बताया कि अन्वेषण अधिकारियों द्वारा व्यवसायिक तौर पर मादक द्रव्य कानूनों की कड़ाई से अनुपालना सुनिश्चित करने के लिए हिमाचल प्रदेश नशा निवारण बोर्ड राज्य की चारों पुलिस रेंज के लिए युनाइटेड नेशनल ऑन ड्रग्स एंड क्राइम के सौजन्य से वार्षिक प्रशिक्षण समय सारिणी तैयार कर रहा है।
  गौरतलब है कि इस अन्वेषण की पाठशाला में एनडीपीएस एक्ट के तहत अन्वेषण से जुड़े विभिन्न कानूनी प्रावधानों एवं प्रक्रियाओं की जानकारी प्रदान की गई।

संयोजक ओपी शर्मा ने जहां मादक पदार्थों के अन्तर्राष्ट्रीय स्तर पर दुष्प्रभाव, वित्तीय अन्वेषण तथा अपराध प्रवृति, राज्य सर्तकता एवं भ्रष्टाचार विरोधी ब्यूरो, धर्मशाला के जिला न्यायवादी राजेश वर्मा ने एनडीपीएस एक्ट के आवश्यक प्रावधानों, मंडलीय आयुक्त धर्मशाला कार्यालय के जिला न्यायवादी चन्द्र शंखर भाटिया ने एनडीपीएस एक्ट के तहत सैंथेटिक ड्रग्स की पहचान इनके व्यापारिक नाम जब्ती के तरीकों एवं प्रावधानों के संदर्भ मंे जानकारी प्रदान की।


  पाठशाला में निरीक्षक संजीव गौतम, प्रभारी पुलिस थाना भवारना एवं निरीक्षक राजेश कुमार प्रभारी पुलिस थाना ने एनडीपीएस एक्ट के तहत वित्तीय अन्वेषण एवं रूक्का लेखन का व्यक्तिगत एवं घर वाहन की तलाशी तथा बरामद नशीले पदार्थों को कब्जे में लेने के कानूनी प्रावधानों के सम्बन्ध में प्रशिक्षुओं को जानकारी प्रदान की।
  गौरतलब है कि अन्वेषण की इस पाठशाला में आरक्षी पद से लेकर निरीक्षक पद के पुलिस कर्मियों को शामिल किया जा रहा है। पाठशाला पाठ्यक्रम का निर्धारण आवश्यकता एवं कार्यक्षेत्र में आने वाली समस्याओं के आधार पर किया जाएगा।
बैठक में कुल 28 प्रशिक्षुओं ने भाग लिया।

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