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हिमाचल प्रदेश (Himachal Pradesh) की सीमाएं सभी के लिए खुल जाएंगी. प्रदेश में आने के लिए किसी भी व्यक्ति को अब कोविड-19 ई-पास सॉफ्टवेयर में पंजीकरण (Registration) नहीं करवाना होगा. पर्यटकों को न कोविड की नेगेटिव रिपोर्ट लानी होगी और न होटलों में एडवांस बुकिंग करवानी होगी. बाहर से आने वाले क्वारंटीन (Quarantine) भी नहीं होंगे. मंगलवार को जयराम कैबिनेट की बैठक में यह फैसला लिया गया.
कैबिनेट बैठक में यह भी फैसला लिया गया कि बाहर से आने वालों में यदि कोरोना के लक्षण दिखें तो उन्हें बॉर्डर पर ही रोक दिया जाएगा. उनका टेस्ट लेने पर जरूरत पड़ी तो अस्पताल में भर्ती किया जाएगा. वहीं, अभी सरकार ने अंतरराज्यीय बसों के संचालन पर फैसला नहीं लिया है. हालांकि, बताया जा रहा है कि अक्टूबर में बसों का संचालन शुरू हो सकता है.
अस्पतालों में भर्ती कोविड पॉजिटिव मरीज को 10 दिन बाद लक्षण न होने की स्थिति में बिना टेस्ट किए घर पर 10 दिन के लिए आईसोलेट किया जाएगा. राज्य आपदा प्रबंधन और स्वास्थ्य विभाग बुधवार को आधिकारिक रूप से आदेश भी जारी कर देगा.
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