प्रधानमंत्री आदर्श ग्राम योजना (PMAGY) के तहत बिलासपुर जिले में चयनित 25 पंचायतों की प्रगति की समीक्षा के लिए आज जिला मुख्यालय के बचत भवन में जिला स्तरीय अभिसरण समिति की बैठक आयोजित की गई। बैठक की अध्यक्षता उपायुक्त बिलासपुर राहुल कुमार ने की, जिसमें चयनित पंचायतों के प्रधानों सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे।
उपायुक्त राहुल कुमार ने बताया कि इस योजना का उद्देश्य चयनित ग्राम पंचायतों में बुनियादी ढांचे के विकास के साथ-साथ सामाजिक-आर्थिक संकेतकों में सुधार लाना है। इसके लिए 10 प्रमुख क्षेत्रों—पेयजल एवं स्वच्छता, शिक्षा, स्वास्थ्य एवं पोषण, सामाजिक सुरक्षा, ग्रामीण सड़कें एवं आवास, विद्युत एवं स्वच्छ ईंधन, कृषि प्रणाली, वित्तीय समावेशन, डिजिटलीकरण, और जीवन-यापन एवं कौशल विकास—से संबंधित 50 निगरानी योग्य संकेतकों पर कार्य किया जा रहा है।उन्होंने जानकारी दी कि योजना के तहत अब तक लगभग 5 करोड़ रुपये की राशि विभिन्न पंचायतों को जारी की जा चुकी है,जिसका उपयोग विभिन्न विभागों की योजनाओं के समेकनhttps://tatkalsamachar.com/adarsh-gram-yojana/ (कन्वर्जेंस) के माध्यम से किया जा रहा है। जिले की 25 में से 24 पंचायतों को आदर्श ग्राम घोषित किया जा चुका है, और शेष एक पंचायत बल्हसीणा को भी शीघ्र ही यह दर्जा प्रदान किया जाएगा।
उपायुक्त ने सभी अधिकारियों को निर्देश दिए कि चयनित पंचायतों में चल रहे कार्यों को प्राथमिकता के आधार पर सितंबर 2025 तक पूर्ण किया जाए, ताकि योजना के लक्ष्य समयबद्ध तरीके से प्राप्त हो सकें। इसके अतिरिक्त, खंड विकास अधिकारियों को अपने-अपने क्षेत्रों से पांच-पांच अतिरिक्त पंचायतों का चयन कर उन्हें भी इस योजना के तहत विकसित करने के निर्देश दिए गए।
योजना के तहत शामिल पंचायतों में बिनौला, बल्ह बलवाणा, भोली, निचली भटेड़, दयोली, नौणी, हरनोडा, कोठीपुरा, ओयल, बकरोआ, हम्बोट, कोठी, पनोह, पट्टा, तीयूं खास, बाला, बल्हसीणा, बेहना जट्टा, डुडियां, पपलोआ, कोसरियां, झंडूत्ता, और ग्वालथाई शामिल हैं।बैठक में अतिरिक्त उपायुक्त ओम कांत ठाकुर सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे।