राजस्व, बागवानी, जनजातीय विकास एवं जन-शिकायत निवारण मंत्री जगत सिंह नेगी ने आज आई0टी0डी0पी0 सम्मेलन कक्ष रिकांग पिओ में परियोजना सलाहकार समिति की बैठक की अध्यक्षता की। इसमें उन्होंने उपस्थित जल शक्ति और लोक निमार्ण विभाग के अधिकारियों को लम्बित पड़े विकास कार्यों को समयबद्ध सीमा में पूर्ण करने के निर्देश दिए। इसके अतिरिक्त, कैबिनेट मंत्री ने गुणवत्तापूर्ण निर्माण कार्यों पर बल दिया ताकि धरातल पर गा्रमीण लोगों को व्यवस्था परिवर्तन के दौर में राहत मिल सके।
श्री जगत सिंह नेगी ने वन विभाग को पर्यावरण संरक्षण एवं अवैध डंपिंग पर कार्यवाही करने के निर्देश दिए ताकि सतलुज नदी में अवैध खनन पर अंकुश लगाया जा सके।
बागवानी मंत्री ने जल शक्ति विभाग के अधिकारियों को स्वच्छ पेयजल की निर्बाद्ध आपूर्ति सुनिश्चिित करने के आदेश दिए ताकि गर्मी के मौसम में लोंगों को पीने के पानी की समस्या से निजात मिल सके।
जनजातीय विकास मंत्री ने बैठक में लोक निर्माण विभाग के अधिकारियों से सम्पर्क सड़कों की वर्तमान स्थिति पर विस्तृत चर्चा की तथा इन सड़कों के निर्माण में पानी की निकासी व स्लोप की कटाई के दौरान विभिन्न तकनीकी पहलुओं को मध्यनज़र रखते हुए कार्य करने के निर्देश दिए। इसके उपरान्त, जनजातीय विकास मंत्री ने वाइब्रेन्ट विलेज कार्यक्रम के तहत सीमावर्ती क्षेत्रों में अधोसंरचना व विकास कार्यों की स्थिति पर विचार विमर्श किया जिसमें छितकुल मल निकासी परियोजना, वन विहार तथा पूह उपमण्डल में खेल मैदान के निर्माण सम्बन्धित कार्यों की समीक्षा की तथा आवश्यक दिशा निर्देश दिए ताकि इन सीमावर्ती क्षेत्रों में स्थानीय लोगों को मूलभूत सुविधाएं मिल सकें।

इस अवसर पर उपायुक्त किन्नौर डॉ. अमित कुमार शर्मा, पुलिस अधीक्षक किन्नौर, सुशील कुमार शर्मा, परियोजना अधिकारी एकीकृत जनजातीय विकास प्राधिकरण घनश्याम दास शर्मा सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी व कर्मचारी उपस्थित रहे।
जन शिकायत निवारण मंत्री ने जनगणना 2027 के सन्दर्भ में जनजातीय जिला किन्नौर के लोगों से आहवान किया कि वे इस प्रक्रिया में जनगणना कर्मचारियों का सहयोग करें और उन्हें सटीक जानकारी प्रदान करें। उन्होंने बताया कि इकट्ठी की गई जानकारी देश व प्रदेश के नीति निर्माण में अहम भूमिका निभाएगी तथा इस उपलब्ध डाटाबेस से समावेशी व समग्र विकास सुनिश्चिित होगा तथा धरातल पर उपेक्षित एवं निर्धन वर्गों को लाभ मिलेगा। इसके अतिरिक्त, राजस्व मंत्री ने बताया कि ऑनलाईन जनगणना पोर्टल पर 01 जून, 2026 से 15 जून, 2026 तक जानकारी दी जा सकती है।